201 महाभारत-प्रश्नावली - पाण्डवों की सेना के सेनापति कौन थे?
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प्र.1-महाभारत कथा कौन सी लिपि में लिखी गई थी ? यह कथा व्यास जी ने सबसे पहले किसे सुनाई थी ?
उ.-पाण्डु लिपि । महाभारत ग्रंथ की रचना पूर्ण करने के बाद वेदव्यास ने सर्वप्रथम अपने पुत्र शुकदेव को इस ग्रंथ का अध्ययन कराया।
प्र.2-शान्तनु कौन थे ?
उ.-शान्तनु भरत कुल में उत्पन्न कुरु वंश से सम्बन्ध रखते थे । वे हस्तिनापुर के महाराज प्रतीप के पुत्र थे ।
प्र.3-सत्यवती
कौन थी ?
उ.-सत्यवती 'अद्रिका' नाम की अप्सरा के गर्भ
से उपरिचर वसु द्वारा उत्पन्न एक
मत्स्य कन्या थी । इसका मूल नाम 'मत्स्यगंधा' था जिसे मल्लाहों ने मछली
का पेट फाड़कर निकाला था । पिता की सेवा के लिये वह यमुना में नाव चलाया करती थी। सहस्त्रार्जुन द्वारा पराशर मुनि को मृत
मान कर मृतप्रायः छोड़ दिया गया।
सत्यवती ने मुनिराज की सेवा की व
जीवन दान दिया। आगे चल कर ये दोनों व्यास जी के माता-पिता बने ।
प्र.4-महाभारत के रचयिता व्यास जी किसके पुत्र थे ?
उ.-व्यास जी माता सत्यवती और पराशर मुनि के पुत्र थे ।
प्र.5-भीष्म की माता का क्या नाम था ? उन्हें कितने नामों से जाना जाता है ?
उ.-भीष्म को गाँगेय, शांतनव, नदीज, तालकेतु आदि नामों से जाना जाता है ।
प्र.6. भीष्म की दूसरी माता सत्यवती के कितने पुत्र थे ?
उ.- दो -चित्रांगदा और विचित्रवीर्य
प्र.7- धृतराष्ट्र किसके पुत्र थे ?
उ.धृतराष्ट्र हस्तिनापुर के महाराज विचित्रवीर्य की पहली पत्नी अंबिका के पुत्र थे जो काशीराज की पुत्री थी ।
प्र.8-पाण्डु किसके पुत्र थे ?
उ.-पाण्डु हस्तिनापुर के महाराज विचित्रवीर्य और उनकी दूसरी पत्नी अम्बालिका के पुत्र थे ।
प्र.9-माता कुन्ती को देवताओं को आमन्त्रित करने का वरदान किससे मिला था ?
उ.- दुर्वासा ऋषि से । मन्त्रों का प्रयोग करके कुन्ती ने तीन पुत्र - [1] यमराज से युधिष्ठिर और [2] वायुदेव से भीम तथा [ 3 ] इन्द्र से अर्जुन को प्राप्त किया था ।
प्र. 10.-नकुल और सहदेव किसके पुत्र थे ?
प्र.11- नकुल और सहदेव पाण्डू की दूसरी पत्नी माद्री के पुत्र थे ।
प्र.11-दुर्वासा ऋषि किसके पुत्र थे ?
उ.- दुर्वासा ऋषि अत्रि ऋषि व अनुसूया के पुत्र थे ।
प्र.12-कर्ण का लालन-पालन किसने किया ? उसकी क्या विशेषता
थी ?
उ.-कर्ण का लालन-पालन धृतराष्ट्र के सारथी अधिरथ ने किया था । उसका शरीर कवच के साथ ही उत्पन्न हुआ था और दोनों कुण्डल अमृत से प्रकट हुए थे । इस कारण वह संसार में अवध्य अर्थात किसी से भी नहीं मर सकता था ।
प्र.13-कर्ण से कवच और कुंडल इन्द्र ने क्यों मांगे ?
उ.-अर्जुन इन्द्र का पुत्र था । इसलिए इन्द्र को यह डर हुआ कि कर्ण तो अवध्य है । कहीं युद्ध में अर्जुन न मारा जाए इसलिए वह ब्राह्मण के छद्मवेष में कर्ण से कवच और कुण्डल मांगने आ गया ।
प्र.14-बदले में इन्द्र ने कर्ण को क्या दिया ?
उ.-बदले में इन्द्र ने कर्ण को अमोघ शक्ति प्रदान की ।
प्र.15.- लाक्षाग्रह से निकल कर
पाण्डव कहां गए थे ?
उ.-लाक्षाग्रह से निकल कर
पाण्डव एकचक्रा नगरी गये और मुनि का वेष बनाकर एक ब्राह्मण के घर में निवास करने लगे।
प्र.16.-आधे राज्य के रूप में धृतराष्ट्र ने पाण्डवों को क्या दिया ?
उ.-खण्डहर स्वरुप खाण्डव वन
प्र17.-खाण्डव वन को इन्द्रपुरी जितने भव्य नगर में किसने निर्मित किया ?
उ.-विश्वकर्मा और मयदानव ने मिल कर ।
प्र.18..-अर्जुन को गाण्डीव धनुष और उत्तम रथ किसने दिया ?
उ.-अग्नि देव ने ।
प्र.19-अग्नि देव ने श्री क्र्श्न को क्या प्रदान किया था ?
उ.-सुदर्शन चक्र
प्र.20-पाण्डवों ने एक साल का अज्ञातवास कौन से नगर में व्यतीत किया ? वहां अर्जुन किस वेश मे रहे ?
उ.-विराट नगर में । वहां अर्जुन वृहनलला नाम ग्रहण करके रह रहे थे। वृहनलला ने उत्तरा को
नृत्य, संगीत आदि की शिक्षा दी थी ।
प्र.21 -पाण्डवों की सेना के सेनापति कौन थे-श्री क्र्श्न या धृष्टद्युम्न ?
उ.- धृष्टद्युम्न
प्र.22- भीष्म पितामह के बाण-शैय्या पर लेटने के पश्चात कौरवों की सेना का सेनापति कौन बना था ?
उ-आचार्य द्रोण
प्र.23-आचार्य द्रोण का मस्तक किसने काटा था ?
उ.- धृष्टद्युम्न ने
प्र.24-वह कौन सा व्याध [ शिकारी ] था जिसने ध्यान में लीन श्रीकृष्ण के चरणकमल को मृग समझकर उस बाण की नोक पर मूसल का नोक लगा कर प्रहार किया ?
उ.- ' ज़रा '
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